खबरें - मुख्य श्रेणियां

कैटेगरी लोड हो रही हैं...

नीचे स्क्रॉल करें ↑↓

🔔 अटल सत्य TV न्यूज 24 को फॉलो करें

लखनऊ: डीसीपी पश्चिम का सख्त निर्देश, लंबित मामलों का हो जल्द निस्तारण

ब्रेकिंग न्यूज़
लोड हो रहा है...
अटल सत्य टी वी न्यूज आनलाइन . kelvinjay के थीम चित्र. Blogger द्वारा संचालित.

शानदार उपलब्धि! अतरौली के भाई-बहन ने किया कमाल, अब सीधे विधानसभा सदन में उठाएंगे जनता की आवाज।।

​अतरौली के भाई-बहन की जोड़ी का कमाल: विधानसभा की दहलीज तक पहुँचेंगे प्रियांशू और प्राची भारद्वाज ​ लखनऊ/अलीगढ़। प्रतिभा किसी...

क्राइम खबर अलीगढ़ लापता युवक का शव मिला झाड़ियों में।

अतरौली: तीन दिन से लापता युवक का शव काली नदी में मिला, परिजनों में मची चीख-पुकार

अतरौली (अलीगढ़): तहसील क्षेत्र के ग्राम आलमपुर में उस वक्त सनसनी फैल गई, जब पिछले तीन दिनों से लापता एक युवक का शव शुक्रवार सुबह काली नदी में उतराता हुआ मिला। युवक की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया और पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई।

क्या है पूरा मामला?

​जानकारी के मुताबिक, ग्राम आलमपुर निवासी नितिन कुमार (32 वर्ष), पुत्र जंगली सिंह, बीते 29 अप्रैल को संदिग्ध परिस्थितियों में घर से लापता हो गया था। परिजनों ने अपने स्तर पर हर संभावित जगह नितिन की तलाश की, लेकिन उसका कहीं कोई पता नहीं चल सका। शुक्रवार सुबह करीब 10 बजे जब ग्रामीण खेतों की ओर जा रहे थे, तब उन्होंने नदी के किनारे शव को देखा।

मौके पर जुटी भारी भीड़

​शव मिलने की सूचना जैसे ही गांव में फैली, काली नदी के किनारे लोगों का भारी मजमा लग गया। ग्रामीणों की शिनाख्त के बाद शव की पहचान नितिन के रूप में हुई। मौके पर मौजूद ग्राम प्रधान वीरपाल सिंह ने तत्काल स्थानीय पुलिस को घटना की जानकारी दी।

पुलिस की कार्रवाई

​सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर ग्रामीणों के सहयोग से शव को नदी से बाहर निकाला। पुलिस ने वैधानिक कार्रवाई करते हुए शव का पंचनामा भरा और उसे पोस्टमार्टम के लिए अलीगढ़ जिला मुख्यालय भेज दिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मौत के वास्तविक कारणों की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो पाएगी।

क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों ने जताया शोक

​घटना की जानकारी मिलते ही वार्ड संख्या 5 के पूर्व जिला पंचायत सदस्य रूप सिंह पहलवान मौके पर पहुंचे। उन्होंने पीड़ित परिवार से मिलकर उन्हें ढांढस बंधाया और दुःख की इस घड़ी में हर संभव मदद का आश्वासन दिया।

रिपोर्ट: दीपक भारद्वाज

संपादन: न्यूज़ डेस्क, अटल सत्य टीवी न्यूज़ 24

स्थान: अलीगढ़

मुजरिम को पकड़ने की धुन में कुर्बान किए पैर, UP पुलिस ने निभाया फर्ज; सिपाही आकाश को मिली ₹1.50 करोड़ की सहायता।


खाकी का जज्बा: आरोपी को पकड़ने में गंवाए दोनों पैर, DGP ने सिपाही आकाश सिंह को सौंपी 1.5 करोड़ की सहायता राशि

गोण्डा/लखनऊ | ब्यूरो रिपोर्ट शिव शरण

​उत्तर प्रदेश पुलिस के एक जांबाज सिपाही की बहादुरी और उसके बाद आई दुखों की आंधी में विभाग ने संबल प्रदान किया है। गोण्डा जीआरपी में तैनात सिपाही आकाश सिंह, जिन्होंने ड्यूटी के दौरान अपनी जान की परवाह न करते हुए एक आरोपी को पकड़ने के प्रयास में अपने दोनों पैर गंवा दिए, उन्हें आज डीजीपी मुख्यालय में बड़ी आर्थिक मदद प्रदान की गई।

डीजीपी राजीव कृष्ण ने खुद सौंपा चेक

​उत्तर प्रदेश के डीजीपी राजीव कृष्ण ने आज घायल सिपाही आकाश सिंह की पत्नी को डीजीपी मुख्यालय बुलाकर 1 करोड़ 50 लाख रुपये (डेढ़ करोड़) की आर्थिक सहायता का चेक सौंपा। यह राशि बैंक ऑफ बड़ौदा के माध्यम से प्रदान की गई है। इस दौरान डीजीपी ने परिवार को ढांढस बंधाया और सिपाही के साहस की सराहना की।

कैसे हुआ था यह दर्दनाक हादसा?

​घटना 31 मार्च की देर रात की है। सिपाही आकाश सिंह जीआरपी कस्टडी से भाग रहे एक आरोपी का पीछा कर रहे थे। फर्ज के प्रति जुनून ऐसा था कि वह दौड़ते हुए ट्रेन की चपेट में आ गए।

  • पहला पैर: मौके पर ही एक पैर पूरी तरह कट गया था।
  • दूसरा पैर: उन्हें तत्काल लखनऊ मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया, लेकिन इलाज के दौरान डॉक्टरों को उनका दूसरा पैर भी काटना पड़ा।
  • वर्तमान स्थिति: सिपाही आकाश सिंह अब पूरी तरह चलने में असमर्थ हैं और अस्पताल में जीवन की जंग लड़ रहे हैं।

अब तक मिली कुल सहायता

​पुलिस विभाग और प्रशासन आकाश सिंह के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा है। डेढ़ करोड़ की इस बड़ी राशि से पहले भी उन्हें कई स्तरों पर मदद मिली है:

  1. 1 अप्रैल: डीजीपी ने 1 लाख रुपये की प्रारंभिक मदद दी।
  2. 10 अप्रैल: जीआरपी अनुभाग गोरखपुर द्वारा 10.88 लाख रुपये की सहायता।
  3. जीआरपी लखनऊ: अनुभाग द्वारा 5.14 लाख रुपये की मदद दी गई।

विभागीय जांच पर टिकी नजरें

​इस पूरी घटना को लेकर एक विभागीय जांच भी चल रही है। जांच शुरू हुए एक माह से अधिक का समय बीत चुका है, लेकिन अभी तक अंतिम रिपोर्ट आनी बाकी है। जीआरपी पुलिस अधीक्षक (गोरखपुर) लक्ष्मी निवास मिश्रा ने बताया कि:

​"सिपाही आकाश सिंह का इलाज लखनऊ में चल रहा है। विभाग पीड़ित परिवार के साथ पूरी मजबूती से खड़ा है। जांच प्रक्रिया जल्द पूरी कर उचित अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।"


अटल सत्य टीवी न्यूज़ 24 की अपील

​सिपाही आकाश सिंह जैसे जांबाज हमारे समाज के असली हीरो हैं, जो अपराधियों को पकड़ने के लिए अपनी जान तक दांव पर लगा देते हैं। विभाग की इस त्वरित आर्थिक मदद की हर तरफ सराहना हो रही है।

Headlines (विकल्प):

  1. कर्तव्य की वेदी पर न्योछावर किए पैर: जांबाज सिपाही आकाश सिंह को यूपी पुलिस ने दी ₹1.5 करोड़ की मदद।
  2. गोण्डा जीआरपी के बहादुर सिपाही आकाश सिंह के परिवार को DGP ने दिया सहारा, 1.5 करोड़ का चेक भें GRP Constable Akash Singh, DGP Rajeev Krishna, Gonda News, UP Police Economic Help, Atal Satya TV News 24, GRP Lucknow, Police Bravery.

लखनऊ आक्सीजन मैन राजेश जैसवाल ने प्रेस कांफ्रेंस कर एक बिल्डिंग में आतंकवादी होने का आरोप लगाया साजिश सच या आरोप अटल सत्य टी वी न्यूज 24 अभी पुष्टि नहीं करता ।

लखनऊ: मौलवीगंज की बिल्डिंग पर संदिग्ध गतिविधियों का आरोप, प्रेस कॉन्फ्रेंस में उठे गंभीर सवाल
अटल सत्य TV न्यूज 24 | विशेष रिपोर्ट
राजधानी Lucknow के वजीरगंज कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत मौलवीगंज स्थित एक बिल्डिंग को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। आक्सीजन मैन के नाम से जाने जाने वाले राजेश जायसवाल ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बिल्डिंग में संदिग्ध गतिविधियों के गंभीर आरोप लगाए हैं।
प्रेस वार्ता के दौरान राजेश जायसवाल ने दावा किया कि उक्त बिल्डिंग में आपराधिक एवं अत्यंत गंभीर प्रकृति की गतिविधियां संचालित हो रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि बिल्डिंग के अंदर से कथित तौर पर गोलीबारी और विस्फोट जैसी आवाजें सुनाई देती हैं। इसके अलावा उन्होंने यह भी कहा कि मौके पर बड़ी संख्या में जूते-चप्पल देखे गए, जिससे वहां भीड़भाड़ और संदिग्ध जमावड़े की आशंका जताई गई।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि वहां आने-जाने वाली महिलाओं के साथ अभद्र व्यवहार और छेड़छाड़ जैसी घटनाएं भी होती हैं। जब पत्रकारों द्वारा पूछा गया कि क्या इस संबंध में पुलिस को जानकारी दी गई है, तो उन्होंने दावा किया कि पुलिस को सूचित किया गया, लेकिन कथित तौर पर कार्रवाई नहीं हुई। साथ ही उन्होंने चेतावनी दी कि यदि इस बार भी मामले में संज्ञान नहीं लिया गया, तो वे मुख्यमंत्री को पत्र लिखेंगे।
हालांकि, इस पूरे मामले में अब तक किसी भी आधिकारिक एजेंसी या पुलिस द्वारा इन आरोपों की पुष्टि नहीं की गई है।
 अटल सत्य TV न्यूज 24 स्पष्ट करता है कि यह खबर प्रेस कॉन्फ्रेंस में लगाए गए आरोपों पर आधारित है। “आतंकवादी गतिविधियों” जैसे गंभीर दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है, और चैनल ऐसी किसी भी जानकारी की पुष्टि आधिकारिक बयान या जांच के बाद ही करता है।
मीडिया विशेषज्ञों के अनुसार, इस प्रकार के संवेदनशील मामलों में संतुलित और तथ्य आधारित रिपोर्टिंग आवश्यक है। Press Council of India की गाइडलाइंस भी यही कहती हैं कि अपुष्ट और गंभीर आरोपों को सावधानीपूर्वक प्रस्तुत किया जाए।
फिलहाल, स्थानीय स्तर पर यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। अब देखना यह होगा कि प्रशासन और पुलिस इस पर क्या रुख अपनाते हैं और जांच के बाद सच्चाई क्या सामने आती है।
(रिपोर्ट: अटल सत्य TV न्यूज 24)

दलाल बिकाऊ पत्रकार व भ्रष्टाचारी दूर रहें क्योंकि यह खबर सिर्फ राष्ट्रवादी पत्रकार बंधुओं के लिए है।

विशेष रिपोर्ट: लोकतंत्र के चौथे स्तंभ पर प्रहार—सच की आवाज़ उठाने वाला पत्रकार सिस्टम के लिए 'अपराधी' क्यों?

ब्यूरो रिपोर्ट: अटल सत्य टीवी न्यूज 24

नई दिल्ली/प्रदेश: कड़कड़ाती ठंड, झुलसा देने वाली धूप और मूसलाधार बारिश... ये वो मौसम हैं जिनसे लड़कर एक निष्पक्ष पत्रकार मैदान में खड़ा होता है। उसका मकसद सिर्फ खबर दिखाना नहीं, बल्कि समाज की गंदगी को साफ करना होता है। लेकिन विडंबना देखिए, जो पत्रकार अवैध खनन, भू-माफिया, जिस्मफरोशी के अड्डों और भ्रष्ट तंत्र के खिलाफ 'कड़वे सवाल' पूछता है, आज उसी की आवाज को सलाखों के पीछे दबाने की साजिशें रची जा रही हैं।

साजिश का शिकार बनता 'कलम का सिपाही'

​जब धमकियां काम नहीं आतीं और लालच पत्रकार की कलम को नहीं डिगा पाता, तब शुरू होता है 'सिस्टम' का गंदा खेल। 'अटल सत्य टीवी न्यूज 24' के माध्यम से हम केंद्र और राज्य सरकारों का ध्यान इस ओर आकर्षित करना चाहते हैं कि कैसे एक ईमानदार पत्रकार को फर्जी मुकदमों, अवैध वसूली और रंगदारी (Extortion) जैसी गंभीर धाराओं में फंसाकर रास्ते से हटाने की कोशिश की जाती है।

जांच के मानक: केवल आरोप नहीं, प्रमाण चाहिए

​सरकार को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि यदि किसी पत्रकार पर रंगदारी का आरोप लगता है, तो उसकी निष्पक्ष जांच के लिए निम्नलिखित बिंदुओं को अनिवार्य बनाया जाए:

  • डिजिटल साक्ष्य की अनिवार्यता: क्या पुलिस के पास पत्रकार द्वारा दी गई धमकी का कोई ठोस ऑडियो या वीडियो प्रमाण उपलब्ध है? बिना सबूत के केवल बयान के आधार पर मुकदमा दर्ज करना न्याय नहीं, प्रताड़ना है।
  • संपत्ति का आकलन: सरकार को उस पत्रकार की जीवनशैली देखनी चाहिए। क्या वह करोड़ों के बंगले में रह रहा है या आज भी 3000 रुपये के किराए के कमरे में जमीन पर सोकर अपने बच्चों को सरकारी स्कूल में पढ़ा रहा है? एक फटेहाल पत्रकार पर 'लाखों की रंगदारी' का आरोप खुद में एक बड़ा सवाल है।
  • सुविधाओं की वास्तविकता: क्या उसके घर में एसी-कूलर की विलासिता है या वह एक पुराने पंखे के नीचे अपनी रातें काट रहा है?

भ्रष्ट तंत्र पर भी गिरे गाज: बराबर हो जवाबदेही

​'अटल सत्य टीवी न्यूज 24' पुरजोर मांग करता है कि केवल पत्रकार की ही नहीं, बल्कि उस थाना प्रभारी (SO) और जांच अधिकारी (IO) की संपत्ति की भी जांच होनी चाहिए जो आनन-फानन में पत्रकार को सलाखों के पीछे भेजते हैं।

"यदि जांच करने वाले अधिकारी की संपत्ति उसकी आय के ज्ञात स्रोतों से अधिक पाई जाती है, तो उसे तत्काल निलंबित किया जाए और उस पर भी वही कठोर धाराएं लगाई जाएं जो एक निर्दोष पत्रकार पर लगाई गई हैं।"


निष्कर्ष: न्याय की पुकार

​लोकतंत्र तब तक सुरक्षित है जब तक उसकी रक्षा करने वाली कलम स्वतंत्र है। अगर निष्पक्ष पत्रकारों को यूं ही फर्जी मुकदमों के जरिए दबाया गया, तो भ्रष्टाचार और अपराध का साम्राज्य अटूट हो जाएगा। सरकार को चाहिए कि वह पत्रकारों की सुरक्षा के लिए कड़े कानून बनाए और पुलिसिया तंत्र के दुरुपयोग पर लगाम कसे।

अटल सत्य टीवी न्यूज 24 की यह मुहिम जारी रहेगी... सच लिखने तक, सच दिखने तक।

इस खबर को शेयर जरुर करें एडिटर इन चीफ अटल बिहारी शर्मा लखनऊ अटल सत्य टी वी न्यूज 24 निष्पक्ष खबरों का संग्रह संपर्क नंबर 9984299124

“लखनऊ में खूनी खेल: चौक में परिवार पर जानलेवा हमला, एक की हालत नाजुक”।

लखनऊ से बड़ी खबर | अटल सत्य TV न्यूज 24
राजधानी लखनऊ के चौक थाना क्षेत्र में देर रात हुई हिंसक वारदात ने इलाके में सनसनी फैला दी। प्राप्त जानकारी के अनुसार, 23 अप्रैल 2026 की रात करीब 11 बजे रानी मस्जिद के पास कुछ लोगों ने मिलकर एक परिवार पर जानलेवा हमला कर दिया।
एफआईआर के मुताबिक, पीड़ित सिराज ने आरोप लगाया है कि फुरकान, कल्लू बेरी, असलान, इमरान, फैजान, अमीर उर्फ बब्बा और इरफान सहित अन्य लोगों ने पहले से योजना बनाकर तेजधार हथियारों से हमला किया। इस हमले में सिराज और उनके बेटों को गंभीर चोटें आईं, जबकि एक बेटा चांद की हालत बेहद नाजुक बनी हुई है और वह ट्रामा सेंटर के ICU में जिंदगी और मौत से जूझ रहा है।
बताया जा रहा है कि यह हमला पुराने मुकदमे को वापस लेने के दबाव को लेकर किया गया। पीड़ित पक्ष का कहना है कि पहले से दर्ज मुकदमा संख्या 0229/2017 को वापस लेने के लिए आरोपियों द्वारा लगातार दबाव बनाया जा रहा था, और मना करने पर इस घटना को अंजाम दिया गया।
घटना में बीच-बचाव करने पहुंचे एक अन्य युवक आफताब को भी गंभीर चोटें आई हैं। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए भारतीय न्याय संहिता 2023 की धाराओं 191(1), 191(3), 109 और 115(2) के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
मामले की जांच उपनिरीक्षक विनीत कुमार को सौंपी गई है। पुलिस का कहना है कि आरोपियों की तलाश जारी है और जल्द ही सभी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
फिलहाल इलाके में तनाव का माहौल है, वहीं पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है।वही जब फोन पर पाटा नाला चौकी प्रभारी से संपर्क साधा गया तो उन्होंने बताया कि दो लोगों को गिरफतार करके जेल भेज दिया गया है जबकि पीड़ित परिवार का आरोप है कि केवल खानापूर्ति की गई है कोई जेल में नहीं है हमको हमारे पूरे परिवार को जान से मार देने की धमकी दी जा रही है।
ब्यूरो रिपोर्ट अटल सत्य टी वी न्यूज 24 निष्पक्ष खबरों का संग्रह ग्राउंड रिपोर्ट अटल बिहारी शर्मा लखनऊ।

सावधान! बांस मंडी चौराहे पर नियमों की 'बलि', सीज बिल्डिंग पर पीले तिरपाल का पहरा और अंदर चल रहा अवैध निर्माण।।


अटल सत्य टीवी न्यूज 24: विशेष रिपोर्ट

लखनऊ: नाका कोतवाली के चंद कदमों पर नियमों की 'धज्जियां', सीज होने के बावजूद बांस मंडी चौराहे पर अवैध निर्माण जारी

लखनऊ। राजधानी लखनऊ में बाबा का बुलडोजर और विकास प्राधिकरण (LDA) की सख्ती के दावों के बीच, भ्रष्टाचार और मिलीभगत की एक ऐसी तस्वीर सामने आ रही है जो व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती है। ताज़ा मामला नाका कोतवाली क्षेत्र के बांस मंडी चौराहे का है, जहाँ नियमों को ताक पर रखकर धड़ल्ले से निर्माण कार्य किया जा रहा है।

सीज की कार्रवाई भी रही बेअसर

​सूत्रों के मुताबिक, बांस मंडी चौराहे से महज कुछ ही दूरी पर स्थित इस निर्माणाधीन इमारत को पूर्व में लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) द्वारा सीज किया जा चुका है। सीज की कार्रवाई का मतलब होता है कि बिना अनुमति के वहां एक ईंट भी नहीं रखी जा सकती। लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है। सीज की गई बिल्डिंग में न केवल काम चल रहा है, बल्कि सुरक्षा मानकों की भी भारी अनदेखी की जा रही है।

प्रशासनिक आंखों में धूल या मिलीभगत?

​सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि यह निर्माण कार्य नाका कोतवाली से चंद कदमों की दूरी पर हो रहा है। सवाल यह उठता है कि क्या पुलिस और एलडीए के अधिकारियों को दिन के उजाले में हो रहा यह निर्माण दिखाई नहीं दे रहा? या फिर रसूख के रंगे पर्दे के पीछे नियमों का गला घोंटा जा रहा है?

सुरक्षा मानकों का अभाव: जान जोखिम में

​तस्वीरों में साफ देखा जा सकता है कि निर्माण स्थल पर सुरक्षा के कोई पुख्ता इंतजाम नहीं हैं:

  • अस्थाई पर्दे: केवल पीले और हरे रंग के तिरपाल से बिल्डिंग को ढका गया है, जो किसी भी बड़े हादसे को रोकने में नाकाम हैं।
  • सड़क पर अतिक्रमण: भवन निर्माण सामग्री (बालू और ईंटें) मुख्य मार्ग पर बिखरी पड़ी हैं, जिससे राहगीरों और वाहनों को निकलने में भारी असुविधा हो रही है।
  • मजदूरों की सुरक्षा: बिना हेलमेट और सुरक्षा उपकरणों के मजदूर ऊंचाइयों पर काम कर रहे हैं, जो किसी भी समय बड़े हादसे का कारण बन सकता है।

अटल सत्य टीवी न्यूज 24 के सवाल:

  1. ​क्या एलडीए के अधिकारियों ने सीज की गई बिल्डिंग की दोबारा जांच करने की जहमत उठाई?
  2. ​नाका कोतवाली पुलिस की नाक के नीचे अवैध निर्माण कैसे संचालित हो रहा है?
  3. ​यदि इस निर्माणाधीन इमारत में कोई हादसा होता है, तो उसका जिम्मेदार कौन होगा?

निष्कर्ष:

राजधानी में इस तरह के अवैध निर्माण न केवल शहर के मास्टर प्लान को बिगाड़ रहे हैं, बल्कि सरकारी आदेशों की खुलेआम अवहेलना भी कर रहे हैं। अब देखना यह है कि खबर प्रकाशित होने के बाद प्रशासन कुंभकर्णी नींद से जागता है या 'अटल सत्य' की इस गूंज को अनसुना कर दिया जाता है।

ब्यूरो रिपोर्ट: अटल सत्य टीवी न्यूज 24, लखनऊ।

पत्नी के विवाद में पति ने की खुदकुशी दो बच्चों के सर से पिता का उठा साया।

 अटल सत्य टीवी न्यूज 24
रिपोर्ट: दीपक भारद्वाज
 छर्रा, अलीगढ़
पत्नी से विवाद के बाद युवक ने की खुदकुशी, दो मासूम बच्चों के सिर से उठा पिता का साया
छर्रा थाना क्षेत्र के गांव रसैनी से एक बेहद दुखद घटना सामने आई है, जहां पारिवारिक विवाद और मानसिक तनाव के चलते एक 28 वर्षीय युवक ने आत्महत्या कर ली। इस घटना के बाद पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है और मृतक के परिवार में कोहराम मचा हुआ है।
क्या है पूरा मामला?
प्राप्त जानकारी के अनुसार, गांव रसैनी निवासी गौरव (पुत्र वेद प्रकाश) का अपनी पत्नी शशि देवी के साथ पिछले कुछ समय से विवाद चल रहा था। परिजनों के मुताबिक, घरेलू कलह के कारण गौरव मानसिक रूप से काफी परेशान रहने लगा था।
मंगलवार दोपहर को गौरव का शव पाली-छर्रा रोड स्थित एक कॉलेज के पीछे बाग में संदिग्ध अवस्था में मिला। जैसे ही घटना की जानकारी फैली, मौके पर स्थानीय लोगों की भीड़ जमा हो गई।
पुलिस ने शुरू की जांच
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
मृतक अपने पीछे दो छोटे नाबालिग बच्चों को छोड़ गया है। पिता की असमय मौत से बच्चों के सिर से साया उठ गया है, जिससे उनका भविष्य अनिश्चितता में घिर गया है। गांव के लोग भी इस घटना से स्तब्ध हैं और परिवार के प्रति संवेदना जता रहे हैं।
 यदि आप या आपका कोई परिचित मानसिक तनाव से जूझ रहा है, तो समय रहते मदद लेना बेहद जरूरी है।

फर्जी मुकदमा दर्ज कराने वाले पर होगी बड़ी कार्यवाही डी जी पी का आदेश जारी।


 फर्जी मुकदमे दर्ज कराने वालों पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश, डीजीपी सख्त
 रिपोर्ट: अटल बिहारी शर्मा
 लखनऊ
राजधानी लखनऊ से एक महत्वपूर्ण प्रशासनिक खबर सामने आई है। उत्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक Rajeev Krishna ने फर्जी मुकदमे दर्ज कराने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश जारी किए हैं।
डीजीपी ने स्पष्ट किया है कि गलत तथ्यों के आधार पर किसी को परेशान करने के उद्देश्य से मुकदमा दर्ज कराने वालों को अब बख्शा नहीं जाएगा। ऐसे मामलों में जांच के बाद यदि आरोप गलत पाए जाते हैं तो शिकायतकर्ता के खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
 मामलों की होगी समीक्षा
प्रदेश के सभी जिलों में उन मामलों की समीक्षा करने के निर्देश दिए गए हैं, जिनमें जांच के दौरान तथ्यों में गड़बड़ी सामने आई है। पुलिस अधिकारियों को कहा गया है कि ऐसी एफआईआर की गहन जांच कर वास्तविक स्थिति स्पष्ट करें।
 झूठी गवाही पर भी सख्ती
डीजीपी ने यह भी निर्देश दिया है कि अदालत में झूठी गवाही देने वालों के खिलाफ भी सख्त कदम उठाए जाएं। ऐसे मामलों में विधिक प्रक्रिया के तहत कार्रवाई की जाएगी, जिससे न्याय व्यवस्था की विश्वसनीयता बनी रहे।
 साक्ष्य के साथ शिकायत जरूरी
अब शिकायत दर्ज कराने के लिए ठोस साक्ष्य प्रस्तुत करना जरूरी होगा। बिना प्रमाण के दर्ज कराए गए मामलों को गंभीरता से लिया जाएगा और दोषी पाए जाने पर शिकायतकर्ता पर ही कार्रवाई हो सकती है।
 क्या है संदेश?
इस पहल का उद्देश्य न्याय प्रणाली का दुरुपयोग रोकना और निर्दोष लोगों को बेवजह परेशान होने से बचाना है। साथ ही पुलिस व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ाने पर भी जोर दिया गया है।

लखनऊ न्यूज़
यूपी पुलिस खबर
फर्जी मुकदमा कार्रवाई
DGP आदेश
Uttar Pradesh Police News
Fake FIR Action


लखनऊ जैसे शहरों में हुक्का बार स्पा सेंटर जुआ सट्टा जैसे करोबार का बढ़ावा दे रहा कौन।

 अटल सत्य टीवी न्यूज 24
 लखनऊ | विशेष रिपोर्ट
राजधानी लखनऊ जैसे तेजी से विकसित हो रहे शहर में आधुनिकता के साथ-साथ कुछ अवैध गतिविधियों के पनपने की चर्चाएं भी सामने आ रही हैं। शहर के अलग-अलग इलाकों में संचालित कुछ हुक्का बार, स्पा सेंटर और कथित जुआ-सट्टा से जुड़े मामलों को लेकर स्थानीय स्तर पर सवाल उठने लगे हैं।
सूत्रों और स्थानीय चर्चाओं के अनुसार, इन गतिविधियों के संचालन में कुछ प्रभावशाली लोगों की भूमिका होने की आशंका जताई जाती है। हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है, लेकिन यह जरूर है कि ऐसे मुद्दों को लेकर आम जनता में चिंता का माहौल देखा जा रहा है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि संचालित हो रही है, तो उसके पीछे प्रशासनिक निगरानी की कमी या नियमों के पालन में लापरवाही एक बड़ा कारण हो सकती है। वहीं, कुछ सामाजिक संगठनों ने भी समय-समय पर इस विषय पर आवाज उठाई है और सख्त कार्रवाई की मांग की है।
पुलिस प्रशासन की ओर से समय-समय पर शहर में छापेमारी और जांच अभियान चलाए जाते रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि कानून व्यवस्था बनाए रखना उनकी प्राथमिकता है और किसी भी अवैध गतिविधि में संलिप्त पाए जाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
इस पूरे मामले में जरूरी है कि तथ्यों के आधार पर निष्पक्ष जांच हो और यदि कहीं भी अनियमितता पाई जाती है तो संबंधित लोगों पर कानून के तहत कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। साथ ही, मीडिया और समाज के जिम्मेदार वर्गों की भूमिका भी अहम हो जाती है कि वे सत्य और प्रमाण के आधार पर ही जानकारी साझा करें।
 नोट: यह खबर विभिन्न स्रोतों से प्राप्त जानकारी और स्थानीय चर्चाओं पर आधारित है। किसी भी व्यक्ति या संस्था विशेष पर सीधे आरोप नहीं लगाया जा रहा है। संबंधित पक्षों का आधिकारिक पक्ष सामने आने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।)

लखनऊ: आलमबाग पुलिस ने 7 दिन में चेन स्नैचिंग का किया खुलासा, शातिर अभियुक्त गिरफ्तार।

 लखनऊ: आलमबाग पुलिस ने 7 दिन में चेन स्नैचिंग का किया खुलासा, शातिर अभियुक्त गिरफ्तार
लखनऊ | अटल सत्य टीवी न्यूज 24
पुलिस कमिश्नरेट लखनऊ के आलमबाग थाना क्षेत्र में हुई चेन छिनैती की घटना का पुलिस ने मात्र 7 दिनों में सफल अनावरण करते हुए एक शातिर अभियुक्त को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई पुलिस और सर्विलांस टीम के संयुक्त प्रयास से संभव हो सकी।
जानकारी के अनुसार, 9 अप्रैल 2026 को दुर्गापुरी मेट्रो स्टेशन के पास ऑटो रिक्शा से यात्रा कर रही एक महिला के साथ चेन छिनैती की घटना हुई थी। घटना को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से स्कूटी के जरिए फरार हो गया था।
पुलिस टीम ने मामले की गंभीरता से जांच करते हुए 16 अप्रैल 2026 को सुबह करीब 3:20 बजे टुनटुनिया फाटक के पास से अभियुक्त को गिरफ्तार कर लिया।
बरामदगी में मिला अहम सुराग
गिरफ्तार अभियुक्त के कब्जे से घटना से संबंधित पीली धातु की चेन का टुकड़ा (करीब 2 ग्राम) और घटना में प्रयुक्त स्कूटी बरामद की गई। इसके अलावा थाना नाका क्षेत्र में दर्ज एक अन्य मामले से संबंधित 5 ग्राम की चेन का टुकड़ा भी बरामद हुआ है।
अभियुक्त का आपराधिक इतिहास
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार अभियुक्त मोहम्मद कैश (उम्र लगभग 22 वर्ष) एक शातिर एवं अभ्यस्त अपराधी है, जो भीड़भाड़ वाले इलाकों में महिलाओं को निशाना बनाकर चेन छिनैती की वारदातों को अंजाम देता था। उसके खिलाफ पहले भी आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं।
कैसे देता था वारदात को अंजाम
अभियुक्त सुनियोजित तरीके से भीड़भाड़ वाले स्थानों पर महिलाओं को टारगेट करता था और झपट्टा मारकर चेन छीनकर तुरंत वाहन से फरार हो जाता था।
पुलिस की कार्रवाई जारी
मामले में थाना आलमबाग पर संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है। साथ ही अन्य मामलों में भी अभियुक्त की संलिप्तता की जांच की जा रही है।
संयुक्त टीम की अहम भूमिका
इस पूरी कार्रवाई में आलमबाग पुलिस टीम और सर्विलांस सेल मध्य जोन की टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, जिनके प्रयास से घटना का सफल खुलासा संभव हो सका।
ब्यूरो रिपोर्ट अटल सत्य टी वी न्यूज 24 निष्पक्ष खबरों का संग्रह लखनऊ।

गोंडा रंगदारी मांगने वाला आरोपी गिरफतार पुलिस की बड़ी कार्यवाही।

 गोंडा में रंगदारी कांड का खुलासा: फॉर्च्यूनर से युवक का अपहरण, आरोपी गिरफ्तार
गोंडा | अटल सत्य टीवी न्यूज़ 24
गोंडा की नगर कोतवाली पुलिस ने रंगदारी और अपहरण के एक गंभीर मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए आरोपी विजय किशोर सिंह उर्फ भोलू सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी पर फॉर्च्यूनर गाड़ी से युवक का अपहरण कर उसे बंधक बनाकर 12.50 लाख रुपये की रंगदारी मांगने का आरोप है।
 क्या है पूरा मामला?
यह घटना अगस्त 2025 की बताई जा रही है। आरोप है कि आजाद नगर निवासी विजय किशोर सिंह ने अपने साथियों के साथ मिलकर झंझरी ब्लॉक के पास से 24 वर्षीय विंध्यवेंद्र मिश्रा उर्फ सत्यम का अपहरण किया। इसके बाद उसे पेरी तालाब ले जाकर बंधक बनाया गया।
पीड़ित के अनुसार, आरोपी ने लाइसेंसी राइफल तानकर उस पर जमीन से जुड़े मुकदमे को वापस लेने का दबाव बनाया और साथ ही 12.50 लाख रुपये की रंगदारी मांगी।
 पुलिस कार्रवाई
पीड़ित द्वारा 8 सितंबर को दी गई तहरीर के आधार पर नगर कोतवाली में मुकदमा दर्ज किया गया था। पुलिस तभी से आरोपी की तलाश में जुटी थी। रविवार देर शाम मिश्रौलिया चौकी प्रभारी अंकित सिंह और उनकी टीम ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
मेडिकल परीक्षण के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
 बरामदगी अभी बाकी
पुलिस के अनुसार, घटना में इस्तेमाल की गई फॉर्च्यूनर गाड़ी और लाइसेंसी राइफल अभी तक बरामद नहीं हो सकी है। मामले की जांच जारी है और अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है।
 पीड़ित का बयान
पीड़ित सत्यम मिश्रा ने बताया कि उन्होंने करीब 8 महीने तक न्याय के लिए संघर्ष किया। इस दौरान कई प्रभावशाली लोगों ने आरोपी का साथ दिया, लेकिन उन्हें न्याय व्यवस्था पर भरोसा था। अब उन्हें इंसाफ मिलने की उम्मीद जगी है। उन्होंने बताया कि जमीन विवाद से जुड़ा एक और मामला भी आरोपी के खिलाफ दर्ज है, जिसकी जांच जारी हैं 
Gonda crime news, extortion case Gonda, kidnapping case UP, Vijay Kishore Singh arrested, Gonda police action, ransom case news, UP crime update, Atal Satya TV News 24
 रिपोर्ट: शिव शरण, गोंडा ब्यूरो
 अटल सत्य टीवी न्यूज़ 24

गोंडा: लव मैरिज के 2 साल बाद महिला ने पति व ससुराल पर लगाया मारपीट का आरोप, 11 के खिलाफ केस दर्ज।

 गोंडा: लव मैरिज के 2 साल बाद महिला ने पति व ससुराल पर लगाया मारपीट का आरोप, 11 के खिलाफ केस दर्ज
गोंडा | अटल सत्य टीवी न्यूज़ 24
गोंडा जिले के नवाबगंज थाना क्षेत्र से एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां पूर्व एलएलबी छात्रा हाजिरा बेगम ने अपने पति और ससुराल पक्ष पर मारपीट और उत्पीड़न का आरोप लगाया है। पुलिस ने पीड़िता की तहरीर पर 11 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
 क्या है मामला?
नवाबगंज थाना क्षेत्र के चकरसूल गांव की रहने वाली हाजिरा बेगम का आरोप है कि उन्होंने करीब दो साल पहले लायक अली उर्फ शेरा से लव मैरिज की थी। शादी के बाद कुछ समय तक सब कुछ सामान्य रहा, लेकिन बाद में उनके साथ मारपीट और प्रताड़ना शुरू हो गई।
पीड़िता के अनुसार, पति लायक अली ने अपनी पहली शादी और दो बच्चों की जानकारी छिपाकर उनसे विवाह किया था। जब इस सच्चाई का खुलासा हुआ और उन्होंने विरोध किया, तो उनके साथ हिंसा की गई।
 गंभीर आरोप
हाजिरा बेगम ने आरोप लगाया है कि पति समेत उसके भाई और परिवार के अन्य सदस्यों ने मिलकर उन्हें मारा-पीटा, गाली-गलौज की और घर से निकाल दिया। साथ ही जान से मारने की धमकी भी दी गई।
 11 लोगों के खिलाफ केस
पुलिस ने तहरीर के आधार पर पति लायक अली उर्फ शेरा, उसके भाई पूर्व लोकसभा प्रत्याशी हाफिज अली सहित कायम अली, मुबारक अली, लियाकत अली, आरिफ सैय्यद उर्फ लल्ला, आशिक सैय्यद उर्फ शोएब, नाहिदा, नुसरत फातिमा और फहीम के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।
पुलिस जांच जारी
नवाबगंज पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और सभी आरोपियों के खिलाफ साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

Gonda news, Nawabganj case, Hazira Begum case, love marriage dispute, domestic violence Gonda, UP crime news, Atal Satya TV News 24

गोंडा में आनंद पांडेय हत्याकांड: फरार आरोपी राजन शुक्ला गिरफ्तार, अन्य की तलाश जारी।

 गोंडा में आनंद पांडेय हत्याकांड: फरार आरोपी राजन शुक्ला गिरफ्तार, अन्य की तलाश जारी
गोंडा | अटल सत्य टीवी न्यूज़ 24
गोंडा जिले के धानेपुर थाना क्षेत्र में हुए चर्चित खाद विक्रेता आनंद पांडेय हत्याकांड में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। फरार चल रहे आरोपी राजन शुक्ला उर्फ चंद्रमणि शुक्ला को पुलिस ने गोंडा-उतरौला मार्ग स्थित बग्गी रोड नहर पुलिया के पास से गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तारी के बाद आरोपी का मेडिकल परीक्षण कराया गया और उसे न्यायालय में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
पुलिस के अनुसार, इस सनसनीखेज हत्याकांड में अभी भी कई आरोपी फरार हैं, जिनमें अस्पताल संचालक अनिल ओझा, मुख्य आरोपी अनुपम शुक्ला के पिता सहित तीन से चार अज्ञात लोग शामिल हैं। इनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही है।
 क्या है पूरा मामला?
घटना 13 अप्रैल की देर रात की है, जब 40 वर्षीय आनंद पांडेय अपने भांजे सत्य प्रकाश शुक्ला उर्फ सत्यम शुक्ला का विवाद सुलझाने पहुंचे थे। इसी दौरान आरोपियों ने उन पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया और गले पर धारदार हथियार से वार कर उनकी हत्या कर दी। वारदात को अंजाम देने के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए थे।
 पुलिस जांच में तेजी
धानेपुर थाना प्रभारी अरविंद कुमार यादव ने बताया कि अब तक इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। पुलिस टीम परिचितों, रिश्तेदारों और कॉल डिटेल के आधार पर फरार आरोपियों की तलाश कर रही है। साथ ही अज्ञात हमलावरों की पहचान के लिए भी लगातार प्रयास जारी हैं।
 पोस्टमार्टम रिपोर्ट में खुलासा
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में आनंद पांडेय की मौत पिटाई के कारण होने की पुष्टि हुई है, जिससे मामले की गंभीरता और बढ़ गई है।
पुलिस का कहना है कि इस हत्याकांड में शामिल किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा और जल्द ही सभी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
 
Gonda murder case, Anand Pandey murder, Dhanepur police action, Rajan Shukla arrested, Gonda crime news, Uttar Pradesh crime, breaking news Gonda, Atal Satya TV News 24
 रिपोर्ट: शिव शरण, गोंडा ब्यूरो
📺 अटल सत्य टीवी न्यूज़ 24

बड़ी खबर राजस्थान के जयपुर से लड़की से छेड़छाड़ करने वाले चार युवक चढ़े पुलिस के हत्थे जम कर की गई खातिर दारी।


जयपुर: चलती बाइक पर छेड़छाड़ करने वाले 'रील'बाजों का निकला जुलूस, पुलिस की 'खातिरदारी' का वीडियो वायरल

जयपुर/लखनऊ: राजस्थान की राजधानी जयपुर से पिछले दिनों सोशल मीडिया पर वायरल हुए शर्मनाक छेड़छाड़ के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। चलती बाइक पर युवती के साथ अभद्रता करने और उसका वीडियो बनाकर रील पोस्ट करने वाले चारों आरोपियों को जयपुर पुलिस ने सलाखों के पीछे पहुंचा दिया है। गिरफ्तारी के बाद पुलिस द्वारा आरोपियों की 'विशेष खातिरदारी' की खबरें और वीडियो भी अब चर्चा का विषय बने हुए हैं।

क्या था पूरा मामला?

​यह घटना पिछले साल 27 दिसंबर 2025 की बताई जा रही है। जयपुर की सड़कों पर दो बाइकों पर सवार चार युवक एक युवती का पीछा कर रहे थे।

  • मुख्य आरोपी: सुदामा मीणा, जिसने चलती बाइक पर युवती के साथ पीछे से हाथ मारकर छेड़छाड़ की।
  • बाइक चालक: सुदामा की बाइक बलराज मीणा चला रहा था।
  • रील बनाने वाले: पीछे वाली बाइक पर सवार महेश मीणा और लोकेश बंजारा इस पूरी घटना का वीडियो शूट कर रहे थे ताकि सोशल मीडिया पर रील बना सकें।

नशे में डाली रील और हत्थे चढ़े आरोपी

​हैरानी की बात यह है कि घटना के करीब 4 महीने बाद, 4-5 दिन पहले इनमें से एक आरोपी ने नशे की हालत में इस वीडियो को सोशल मीडिया पर अपलोड कर दिया। वीडियो वायरल होते ही राजस्थान पुलिस हरकत में आई और तकनीक व मुखबिरों की सहायता से चारों आरोपियों—सुदामा मीणा, बलराज मीणा, महेश मीणा और लोकेश बंजारा को दबोच लिया।

पुलिस की 'तबीयत से सेवा' का वीडियो वायरल

​सूत्रों के हवाले से खबर है कि गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने इन मनचलों की जमकर 'खातिरदारी' की है। सोशल मीडिया पर एक और वीडियो सामने आया है जिसमें आरोपी पुलिस कस्टडी में लंगड़ाते और तौबा करते नजर आ रहे हैं। पुलिस की इस सख्त कार्रवाई की जनता सराहना कर रही है, ताकि भविष्य में कोई भी महिला सुरक्षा के साथ खिलवाड़ करने की हिम्मत न करे।

"महिला सुरक्षा हमारी प्राथमिकता है। सड़क पर हुड़दंग और छेड़छाड़ करने वालों के लिए समाज और कानून में कोई जगह नहीं है।" — पुलिस सूत्र


रिपोर्ट: तौफीक अहमद, ब्यूरो चीफ (लखनऊ)

अटल सत्य टीवी न्यूज़ 24

ब्रेकिंग बाराबंकी विवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत गले में चोट के निशान हत्या की आशंका परिजनों का आरोप।

ब्रेकिंग न्यूज़ | बाराबंकी 
संदिग्ध परिस्थितियों में विवाहिता की मौत, गले पर चोट के निशान मिलने से हत्या की आशंका — पति गिरफ्तार, तीन फरार
बाराबंकी जनपद के थाना बड़डूपुर क्षेत्र से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां एक विवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत ने पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया है।
मृतका की पहचान रेनू वर्मा, पुत्री स्वर्गीय राम खेलावन, निवासी महमूदपुर मजरे लालपुर थाना सदरपुर जनपद सीतापुर के रूप में हुई है।
घटना का खुलासा उस समय हुआ जब मृतका की चचिया सास ने लड़की के भाई राम प्रवेश वर्मा को फोन कर बताया कि उसकी बहन की मृत्यु हो गई है। सूचना मिलते ही भाई मौके पर पहुंचा, जहां उसने देखा कि शव को नहलाकर अंतिम संस्कार की तैयारी की जा रही थी।
परिजनों को स्थिति संदिग्ध लगी तो उन्होंने शव की जांच की, जिसमें मृतका के गले पर चोट के निशान पाए गए। इसके बाद तुरंत पुलिस को सूचना दी गई।
सूचना मिलते ही थाना बड़डूपुर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल बाराबंकी भेज दिया।
परिजनों का आरोप है कि मृतका के पति मोहित वर्मा का किसी अन्य महिला मीरदेवी से अवैध संबंध था, जिसके चलते इस वारदात को अंजाम दिया गया। आरोप है कि रेनू वर्मा की हत्या कर उसे पंखे से लटकाकर आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की गई।
पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी पति मोहित वर्मा को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि मामले में अन्य तीन आरोपी अभी फरार बताए जा रहे हैं, जिनकी तलाश जारी है।
पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद स्थिति पूरी तरह स्पष्ट होगी और उसी आधार पर आगे की सख्त कार्रवाई की जाएगी।
 फिलहाल पूरे मामले की जांच जारी है और पुलिस जल्द ही पूरे घटनाक्रम का खुलासा करने की बात कह रही है।
 तौफीक अहमद, ब्यूरो चीफ लखनऊ
अटल सत्य टीवी न्यूज 24

ब्रेकिंग गोंडा जमीनी विवाद में बुजुर्ग की हत्या करने वाले चार आरोपी गिरफतार।

गोंडा: जमीनी विवाद में बुजुर्ग की मौत, चार आरोपी गिरफ्तार
गोंडा जिले के परसपुर थाना क्षेत्र के रेक्साडिया गांव में जमीनी विवाद ने एक बार फिर खूनी रूप ले लिया। 65 वर्षीय बुधई कश्यप की इलाज के दौरान मौत हो गई, जिसके बाद पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
जानकारी के अनुसार, 1 अप्रैल को जमीन को लेकर हुए विवाद में दोनों पक्षों के बीच कहासुनी के बाद मारपीट हो गई थी। आरोप है कि अंगद कश्यप, सहजराम, ज्योति और बिट्टू ने धारदार हथियारों और लाठी-डंडों से बुधई कश्यप और उनके परिवार पर हमला कर दिया। इस हमले में बुधई कश्यप के साथ उनके बेटे रिंकू, बहू रानी, चाचा माधव और भाई पिंटू भी घायल हो गए थे।
गंभीर रूप से घायल बुधई कश्यप को पहले सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र परसपुर ले जाया गया, जहां से हालत बिगड़ने पर उन्हें गोंडा मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। स्थिति में सुधार न होने पर उन्हें लखनऊ भेजा गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
घटना के बाद मृतक के बेटे रिंकू की तहरीर पर परसपुर थाने में चारों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए शनिवार शाम सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों के कब्जे से एक फरसा, दो डंडे और एक लोहे की रॉड भी बरामद की गई है।
गिरफ्तार आरोपियों का सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र परसपुर में मेडिकल परीक्षण कराने के बाद उन्हें गोंडा न्यायालय में पेश किया गया, जहां से सभी को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
थाना प्रभारी कमल शंकर चतुर्वेदी ने बताया कि प्रारंभ में दर्ज मारपीट के मामले में अब गैर इरादतन हत्या की धाराएं भी जोड़ी गई हैं। पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है।
अटल सत्य टी वी न्यूज 24 के लिए ब्यूरो रिपोर्ट शिव शरण गोंडा।

क्राइम खबर गोंडा पुलिस और बदमाश में मुठभेड़

गोंडा: 25 हजार का इनामी बदमाश पुलिस मुठभेड़ में घायल, अवैध असलहा व नकदी बरामद
गोंडा। जनपद में अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत थाना कर्नलगंज पुलिस और एसओजी/सर्विलांस टीम को बड़ी सफलता हाथ लगी है। संयुक्त कार्रवाई के दौरान 25,000 रुपये का इनामी शातिर बदमाश अमित तिवारी उर्फ घुरले पुलिस मुठभेड़ में घायल हो गया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से अवैध तमंचा, कारतूस, सुपर स्प्लेंडर मोटरसाइकिल और छिनैती के 22,000 रुपये नकद बरामद किए हैं।
इस कार्रवाई को पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल के निर्देशन में अंजाम दिया गया। अपर पुलिस अधीक्षक पश्चिमी राधेश्याम राय के पर्यवेक्षण और क्षेत्राधिकारी कर्नलगंज अभिषेक दवाच्या के नेतृत्व में टीम ने योजनाबद्ध तरीके से ऑपरेशन को अंजाम दिया।
मुठभेड़ का पूरा घटनाक्रम
30 मार्च 2026 को कर्नलगंज पुलिस व एसओजी/सर्विलांस टीम क्षेत्र में गश्त कर रही थी। इसी दौरान सूचना मिली कि इनामी बदमाश अमित तिवारी उर्फ घुरले सुपर स्प्लेंडर मोटरसाइकिल से नारायणपुर मांझा की ओर आ रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने इलाके की घेराबंदी कर दी।
जैसे ही पुलिस ने संदिग्ध को रोकने का प्रयास किया, बदमाश ने खुद को घिरता देख पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की, जिसमें बदमाश के पैर में गोली लग गई। घायल अवस्था में उसे तत्काल जिला अस्पताल गोंडा में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है।
छिनैती की वारदात से जुड़ा था मामला
यह पूरी कार्रवाई 19 फरवरी 2026 को हुई एक छिनैती की घटना के खुलासे से जुड़ी है। उस दिन कर्नलगंज क्षेत्र के चकरीत बाजार के पास बाइक सवार बदमाशों ने एक महिला के कान की झुमकी झपट ली थी, जिससे महिला गंभीर रूप से घायल हो गई थीं।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने तत्काल केस दर्ज कर चार टीमों का गठन किया और एसओजी/सर्विलांस को भी जांच में लगाया। सीसीटीवी फुटेज खंगालकर संदिग्धों की पहचान की गई और सघन चेकिंग अभियान चलाया गया।
इसी क्रम में 27 मार्च 2026 को पुलिस ने एक अन्य आरोपी विवेक पांडेय उर्फ विक्कू को गिरफ्तार कर लिया था, जिसके पास से 11,900 रुपये नकद और चोरी की मोटरसाइकिल बरामद हुई थी। मुख्य आरोपी अमित तिवारी फरार था, जिस पर 25,000 रुपये का इनाम घोषित किया गया था।
बरामदगी में क्या-क्या मिला
पुलिस ने आरोपी के कब्जे से:
315 बोर का अवैध तमंचा
01 जिंदा कारतूस व 01 खोखा कारतूस
01 सुपर स्प्लेंडर मोटरसाइकिल
विभिन्न छिनैती की घटनाओं से जुड़े 22,000 रुपये नकद
बरामद किए हैं।
शातिर अपराधी, कई जिलों में सक्रिय
पुलिस जांच में सामने आया है कि अमित तिवारी उर्फ घुरले एक शातिर अपराधी है, जो अपने गिरोह के साथ महिलाओं के आभूषण छीनने की वारदातों को अंजाम देता था। उसके खिलाफ कर्नलगंज, कोतवाली देहात सहित बस्ती जिले में भी कई मुकदमे दर्ज हैं।
आपराधिक इतिहास
अभियुक्त के खिलाफ विभिन्न थानों में गंभीर धाराओं में कई मुकदमे दर्ज हैं, जिनमें छिनैती और अन्य आपराधिक गतिविधियां शामिल हैं। पुलिस अब उससे पूछताछ कर अन्य घटनाओं के खुलासे और बरामदगी के प्रयास कर रही है।
कार्रवाई में शामिल पुलिस टीम
इस सफल ऑपरेशन में प्रभारी निरीक्षक नरेन्द्र राय (थाना कर्नलगंज), एसओजी प्रभारी गौरव सिंह, सर्विलांस टीम के अमित पाठक, रवि यादव, रणधीर सिंह, अरुण यादव, बिरजू कुमार और श्याम नारायण सहित अन्य पुलिसकर्मियों की अहम भूमिका रही।
पुलिस का बयान
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि आरोपी के खिलाफ थाना कर्नलगंज में सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है। साथ ही उसके नेटवर्क और अन्य साथियों की तलाश भी तेज कर दी गई है।
(गोंडा से ब्यूरो रिपोर्ट: शिव शरण, अटल सत्य टीवी न्यूज 24)

क्राइम खबर बेटे ने मां को उतारा मौत के घाट।

उन्नाव में दिल दहला देने वाली वारदात: बेटे ने ही मां का गला दबाकर की हत्या, संपत्ति विवाद बना वजह
उन्नाव (उत्तर प्रदेश):
उन्नाव से एक बेहद शर्मनाक और दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक बेटे ने ही अपनी 75 वर्षीय मां की हत्या कर इंसानियत को तार-तार कर दिया। आरोपी की पहचान योगेन्द्र सिंह के रूप में हुई है, जिसे पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।
मिली जानकारी के अनुसार, योगेन्द्र सिंह ने अपनी बुजुर्ग मां का गला दबाकर हत्या कर दी। हत्या के बाद आरोपी ने चालाकी दिखाते हुए मां को अस्पताल ले जाकर मौत को प्राकृतिक साबित करने की कोशिश की, ताकि किसी को उस पर शक न हो।
हालांकि, जब परिजन मौके पर पहुंचे और स्थिति को देखा, तो उन्हें मामला संदिग्ध लगा। गहन पूछताछ और जांच के दौरान पूरे घटनाक्रम का खुलासा हो गया। परिजनों का आरोप है कि योगेन्द्र ने धोखे से मां की संपत्ति अपने बच्चों के नाम करा ली थी। जब मां ने इसका विरोध किया, तो आरोपी ने गुस्से में आकर इस जघन्य वारदात को अंजाम दे दिया।
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। सख्ती से पूछताछ करने पर आरोपी टूट गया और उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और आगे की विधिक कार्रवाई जारी है।
यह घटना समाज में गिरते पारिवारिक मूल्यों और लालच की चरम स्थिति को दर्शाती है, जहां संपत्ति के लालच में रिश्तों का खून तक बहाया जा रहा है।
ब्यूरो रिपोर्ट अटल सत्य टी वी न्यूज 24 निष्पक्ष खबरों का संग्रह।

अलीगढ़ पुलिस का ऐलान जुआ सट्टा शराब पर होगा करारा प्रहार


जनता की समस्याओं का निस्तारण मेरी पहली प्राथमिकता: थाना प्रभारी हरि भान सिंह राठौड़
अलीगढ़ थाना हरदोईगंज में नवागत थाना प्रभारी हरि भान सिंह राठौड़ ने कहा है कि क्षेत्रवासियों की समस्याओं को सुनकर उनका समाधान करना उनकी पहली प्राथमिकता है। उन्होंने लोगों से सहयोग करते हुए शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील की है।
थाना प्रभारी ने स्पष्ट किया कि थाना क्षेत्र में अपराधियों को किसी भी कीमत पर बकाया नहीं छोड़ा जाएगा, जबकि निर्दोष लोगों को बेवजह परेशान नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जुआ, सट्टा, शराब की बिक्री और अन्य अपराधों में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
हरि भान सिंह राठौड़ ने चेतावनी देते हुए कहा कि अपराधियों के लिए विकल्प केवल दो हैं — या तो अपराध छोड़ दें या क्षेत्र छोड़कर चले जाएं। उन्होंने जोर दिया कि इलाके में गुंडागर्दी बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
थाना प्रभारी ने लोगों से अपील की है कि वे थाने में झूठे प्रार्थना पत्र या झूठी शिकायतें न लेकर आएं। उन्होंने कहा कि गांव में किसी भी प्रकार की समस्या के समाधान के लिए किसी सिफारिश की आवश्यकता नहीं होगी, और शिकायतों का निष्पक्ष निस्तारण किया जाएगा।
आगामी ईद के त्योहार को ध्यान में रखते हुए थाना प्रभारी ने सभी से क्षेत्र में आपसी भाईचारे और शांति बनाए रखने का अनुरोध किया।
थाना प्रभारी हरि भान सिंह राठौड़, थाना हरदोईगंज
अटल सत्य टी वी न्यूज 24
अटल सत्य टी वी न्यूज 24 के लिए दीपक भारद्वाज की रिपोर्ट अलीगढ़।

बुलंदशहर से इस वक्त की बड़ी खबर

बुलंदशहर में पीड़ित परिवार ने लगाई न्याय की गुहार, फैसले का दबाव बनाने और झूठी शिकायत देने का आरोप
बुलंदशहर। रामघाट थाना क्षेत्र के गांव नगला कोठी के एक पीड़ित परिवार ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक Dinesh Kumar से मिलकर न्याय की गुहार लगाई है। पीड़ित का आरोप है कि एक युवक द्वारा उन पर समझौता (फैसला) करने का दबाव बनाया जा रहा है और इंकार करने पर झूठी शिकायत देकर फंसाने की कोशिश की जा रही है।
पीड़ित के अनुसार दवाई कोतवाली क्षेत्र के गांव रामनगर निवासी शिवम का उनके गांव नगला कोठी में आना-जाना था। आरोप है कि 11 अगस्त 2025 को शिवम मौका पाकर उनके घर में घुस गया और उनकी बेटी को बुरी नीयत से पकड़ लिया। इस घटना की शिकायत रामघाट थाना पुलिस से की गई थी, जिसके बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
पीड़ित परिवार का कहना है कि जेल से छूटने के बाद आरोपी शिवम लगातार समझौता करने का दबाव बना रहा है। परिवार का आरोप है कि जब उन्होंने समझौता करने से मना कर दिया तो आरोपी ने गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी।
पीड़ित के अनुसार जब आरोपी अपने इरादे में सफल नहीं हुआ तो उसने दवाई कोतवाली में एक शिकायत देकर आरोप लगाया कि लड़की के तीन भाइयों ने उसके साथ मारपीट की है। जबकि लड़की के पिता का कहना है कि उनके दो बेटे पिछले तीन महीने से गाजियाबाद में काम कर रहे हैं और केवल एक बेटा ही गांव नगला कोठी में रहता है।
पीड़ित परिवार का आरोप है कि आरोपी ने बदला लेने की नीयत से मनगढ़ंत और झूठी शिकायत दी है। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए, ताकि सच्चाई सामने आ सके और उन्हें न्याय मिल सके।
अटल सत्य टी वी न्यूज 24 के लिए दीपक भारद्वाज की खास रिपोर्ट।