इंदौर से एक बेहद प्रेरणादायक खबर सामने आई है, जहां बिचौली मर्दाना उच्चतर माध्यमिक विद्यालय की छात्राओं ने इस वर्ष परीक्षा परिणाम में शानदार प्रदर्शन कर सफलता का नया इतिहास रच दिया है।
विशेष रूप से जीवन उमंग आदिवासी छात्रावास की बालिकाओं ने सीमित संसाधनों के बावजूद अपनी मेहनत, लगन और शिक्षा के प्रति समर्पण से यह साबित कर दिया है कि प्रतिभा किसी भी परिस्थिति की मोहताज नहीं होती।
बारहवीं कक्षा गणित संकाय में रितु चौहान ने 85 प्रतिशत अंक हासिल कर प्रथम स्थान प्राप्त किया, वहीं अर्मिला सोलंकी ने 84 प्रतिशत के साथ द्वितीय स्थान पाया। कला संकाय में सोनू बामनिया ने 81 प्रतिशत अंक के साथ प्रथम स्थान हासिल किया, जबकि जीव विज्ञान में काजल ठकराव ने 80.8 प्रतिशत अंक प्राप्त कर शीर्ष स्थान प्राप्त किया।
वहीं दसवीं कक्षा में भी छात्राओं ने शानदार प्रदर्शन किया। सोनू भूरिया ने 85.8 प्रतिशत के साथ प्रथम स्थान, सुमित्रा बरडे ने 85.6 प्रतिशत के साथ द्वितीय स्थान और आशा राठौर ने 85.4 प्रतिशत अंक के साथ तृतीय स्थान प्राप्त किया। इसके अलावा रेखा सोलंकी ने 81.2 प्रतिशत अंक प्राप्त कर उल्लेखनीय सफलता हासिल की।
बताया जा रहा है कि इन सभी बालिकाओं को जीवन उमंग आदिवासी छात्रावास में निःशुल्क आवास, भोजन, वस्त्र और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की सुविधा दी जाती है, जिसका संचालन सेवा भारती द्वारा किया जाता है।
इन छात्राओं की सफलता उनके अनुशासन, आत्मविश्वास और कठिन परिश्रम का परिणाम है। कोई कलेक्टर बनने का सपना देख रही है, तो कोई वकील बनकर न्याय की राह पर चलना चाहती है।
यह उपलब्धि न सिर्फ उनके परिवार, बल्कि पूरे समाज के लिए गर्व और प्रेरणा का विषय है।
और यह संदेश देती है कि — शिक्षा ही सशक्त भविष्य की सबसे बड़ी कुंजी है।



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